Monday, December 24, 2018

Bjp vs congress

भाजपा या कांग्रेस ?


आज किसी दूसरे दंगे पर नज़र डालते है जिसने पूरे भारत पर एक दाग लगाया जो बाबरी मस्ज़िद विध्वंस के बाद हुआ।
                           आप इसे इंसान के नज़र से समझे कि किस तरह लोग मारे जाते हैं, 

मुम्बई दंगा 1992

केंद्र सरकार :कांग्रेस 
राज्य सरकार:कांग्रेस
रिपोर्ट        :

श्रीकृष्ण कमीशन की रिपोर्ट के मुताबिक दिसंबर,1992 और जनवरी, 1993 के दो महीनों के दौरान हुए हुए दंगो में 900 लोग मारे गए थे. इनमें 575 मुस्लिम, 275 हिंदू , 45 अज्ञात और पांच अन्य थे. सुधाकर नाइक की कांग्रेस की सरकार इन दंगों पर काबू पाने में पूरी तरह से असमर्थ साबित हुई और आखिरकार सेना को बुलाना पड़ा था.

Source: bhindi bazaar.in

Source:indianexpress
श्रीकृष्ण कमीशन की रिपोर्टमें 31पुलिसकर्मियों पर आरोप लगाया गया था और शिवसेना और बाला साहेब ठाकरे के भड़काऊ भाषणों को भी इसके लिए जिम्मेदार करार दिया था.
शिवसेना संसद मधुकर सरपोतदार और दो नेताओं को सजा हुई।

सिर्फ हम ही हम है तो क्या हम हैं

ये हम की भावना ही देश मे दंगे करवाती है ,अगर भागलपुर दंगा न हुआ होता ,अगर बाबरी मस्जिद न गिराई गयी होती तो ये भी दंगा न होता, हम  सर्वश्रेष्ठ है सब हमारा है ,ये भावना एक दुसरे के लिए नफरत भरता है मन मे ।
                              दो भागों में दंगा देखने को मिला पहला जो बाबरी मस्जिद के गिराए जाने और फिर हर जगह उसका जश्न मना के चिढ़ाने के कारण हुआ और बदले में फिर हिन्दू सम्प्रदाय के लोगो को मारा गया फिर दूसरा जब मुस्लिमों को मारा गया ,कहीं पर लोग जलाकर मारे गए तो कहीं तलवार से कहीं गोली से तो कहीं मार मार कर ।
Source:news click.in


फिरसे काँग्रेस सरकार एक और दंगा पर काबू नही कर पाई और भाजपा समर्थक शिवसेना मुख्य भूमिका में रही।

अब आगे क्या?

क्या अब नफरत लेकर जिये ? क्या हमारे आज हिन्दू मुस्लिम दोस्त नही है? क्या कल उनका लाश देख सकते है? उनके कटे शरीर को बटोरते या उन्हें जिंदा जलते देख सकते है? नहीं कभी नही
                                        तो आज जो माहौल बन रहा है जिसमे लोग उग्र है ,क्या होगा कल को राम मंदिर पर फैसला आएगा तो? फिर दंगा हो सकता है! कट्टरपंथी सोच से दूर रहे चाहे हिन्दू हो या मुस्लिम ,वही पार्टी चुने जो विकास करे पर लाशों पर नही।
जय हिंद 
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Saturday, December 22, 2018

Bjp vs congress

भाजपा अच्छी या कांग्रेस ?

आज भारत मे सभी जगह कांग्रेस और भाजपा प्रेमी आपस मे लड़ते दिखाई दे रहे है , हमने भी सोचा कि दृश्य कुछ साफ कर दिया जाए कि लोग किसे चुने, पर ये इतना भी आसान नही है तो हम इसकी विवेचना अलग अलग चरणों मे करेंगे , आज देखते है कि सम्प्रदायिक दंगो में किसका ज्यादा बड़ा हाथ है ।

भारत के कुछ बड़े साम्प्रदायिक दंगे:

1. भागलपुर दंगा सन: 1989
    राज्य सरकार: कांग्रेस
    केंद्र सरकार  : कांग्रेस 
    आरोप लगा जिनपर: SSP के एस द्विवेदी 
    SSP के तबादले का विरोध किया विश्व हिन्दू परिषदभाजपा ने
    मरने वालों की संख्या करीब 1500 जिसमे 93% मुस्लिम थे।

    दंगे की शुरुआत:

मुस्लिम बहुल इलाके से रामशिला जुलूस जा रहा था ,तनाव की स्थिति पहले से ही थी फिर भी पुलिस ने जाने दिया ,नारे थे 'हिंदी हिन्दू हिंदुस्तान मुल्लों जाओ पाकिस्तान, 'बच्चा बच्चा राम का, बाकी सारे हराम का' और फिर जुलूस में बम आ गिरा एक हताहत कोई हुआ नही भीड़ शांत हो सकती थी पर दंगा शुरू होने दिया गया।

    भागलपुर को कर्बला बना देंगे

    ये भाषण था ssp का , वो मुस्लिमों को मारने की बात कह रहे थे, इसके लिए डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट ने ssp से माफी भी मंगवाई थी , एक रिपोर्ट भी था जिसे बाद में किसी के प्रभाव में हाई कोर्ट से हटा दिया गया था जो ये है,

अक्टूबर-नवंबर 1989 में जो भागलपुर दंगा हुआ, उसमें हुए नरसंहार के लिए हम भागलपुर के तत्कालीन सीनियर सुपरिटेंडेंट (SSP) के एस द्विवेदी को जिम्मेदार मानते हैं. 24 अक्टूबर (दंगा शुरू होने की तारीख) से पहले जो हुआ, 24 अक्टूबर और इसके बाद की तारीखों में जो हुआ, उन सबके लिए SSP द्विवेदी पूरी तरह जिम्मेदार हैं. जिस तरीके से उन्होंने मुसलमानों को गिरफ्तार किया और उनकी हिफाजत के लिए पर्याप्त कोशिश नहीं की, उससे साफ पता चलता है कि वो सांप्रदायिक तौर पर मुसलमानों के खिलाफ कितने पक्षपाती हैं.
                                                                          – कमीशन ऑफ इनक्वायरी (CoI) का हिस्सा. पटना हाई कोर्ट ने रिट संख्या 5259 पर फैसला सुनाते हुए इस हिस्से को निकाल दिया था.
वहाँ की पुलिस ने दंगे पर काबू पाने आई सेना को भी गुमराह किया और उनकी सही से सहायता नही की क्योंकि वहाँ के पुलिस पर भी खुद मुसलिमों को मारने के लिए उकसाने का आरोप लगा है।

कुँए में लाशें हैं

बस एक अफवाह फैली रैली में कि हिंदुओं को मारकर कुएं में फेंक दिए है और किसी मुस्लिम परिवार को मारकर 12 लोगो को काटकर कुएँ में डाला गया जिसे बाद में bsf ने निकाला, इसके अलावा एक घर मे 70 लोगों को सामूहिक रूप से मारा , बुजुर्ग को खटिया से बांध कर जला दिया गया आप वो मंजर सोच सकते हो कैसा होगा, बच्चों को तलवार से काट दिया गया। सरकारी आकड़ो के हिसाब से 1000 लोग मारे गए।


मारे गए लोग
भागलपुर में बिछी हुई लाशें
           कामेश्वर यादव नामक गैंगस्टर गिरफ्तार हुआ इस दंगे के पीछे बड़ा हाथ साबित हुआ उसका, ssp के एस द्विवेदी अब बिहार में DGP हैं।

भागलपुर झांकी है बाबरी अभी बाकी है

ये दंगा यहीं खत्म नही हुआ यहीं से आगे बाबरी मुम्बई और गोधरा शुरू हुआ जिसे हम आगे की कड़ी में देखेंगे कि वहां कौन जिम्मेदार था।

निष्कर्ष: 

सरकार थी कांग्रेस की दोनो जगह फिर भी शांत करने में नाकाम रही, रैली थी विहिप और भाजपा की , कांग्रेस का वोटबैंक गया और भाजपा का बढ़ा ,शायद कांग्रेस भी बहुसंख्यक वोट बढ़ाना चाहती थी, 
एक पार्टी ने दंगा रोकने की कोशिश की होती या दूसरी दंगा शुरू नही करने देती तो हजारों जाने बच जाती। 

जयहिंद 

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Thursday, December 13, 2018

Geminid meteor shower 2018

Geminids meteor shower
जेमिनीड्स उल्का वर्षा
आज गूगल डूडल में अंतरिक्ष सा कुछ बना हुआ है,आखिर ये है क्या ?ये है जेमिनीड्स उल्का वर्षा का चित्र

क्या है जेमिनीड्स मेटिऑर शॉवर?

हर साल पृथ्वी दिसम्बर के माह में एक ऐसे ऐसे स्थान से गुजरता है जो धूल और पत्थरों(उल्कापिंडो) से भरा होता है इसे 3200 phaethon(फैथॉन) कहते है , जब ये उल्का पृथ्वी earth के वायुमंडल(atmosphere) में आते है तो घर्षण (friction) के वजह से जल जाते है और आकाश में चमकते हुए दिखायी देते है।
Pic: john Ashley 

कब देखें?

ये दृश्य सबसे सुंदर रूप से 13 दिसम्बर की रात को 2 बजे (2AM) पूरे धरती पर कहीं से भी देखा जा सकता है, और ये काफी मनमोहक होता है क्योंकि 35km प्रति घंटे की रफ्तार से आते हुए ये टूटते तारे काफी संख्या में दिखाई देंगे लगभग 120 हर घण्टे में।
Feminists meteor shower 2018
Pic: NASA 

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Tuesday, December 11, 2018

Election trolls

ट्रॉल्स पर नज़र

सिँहासन छोड़ो की जनता आती है ,और जनता का राज है। 
 11 dec. को चुनाव के नतीजे आ गए और भाजपा को भारी नुकसान उठाना पड़ा, अभी कुछ लोग खुश हैं तो कुछ दुखी सभी जगह अब एनालिसिस होगा कि क्यों जीते क्यों हारे , हम थोड़ा मनोरंजक नज़र डालते आइये,
             सबसे अच्छी बात की दोनों पार्टी अध्यक्षों ने शालीनता का परिचय दिया देखिए,और हम भी उनसे संयम सीखे।

Modi on poll
Source : the quint 

Rahul gandhi in media
Source: the quint 
 जहां मोदी जी ने हार को स्वीकारा और राहुल गांधी ने विपक्ष को साथ लेकर चलने की बात की।

भाजपा के पक्ष में ट्रॉल्स trolls



Sunday, December 9, 2018

17 year old son threaten his mother.

Parental abuse अभिभावक प्रतारणा 

हम में से बहुतों ने ये शब्द पहली बार सुना होगा, और गूगल करने पर भी एक दो sites पर ही कुछ मिलता है इस बारे में ,आज के बच्चे शायद अपने मातापिता का महत्व(importance) नही समझते है, आगे कुछ कहूँ उससे पहले ये इस 17 साल के बेटे की हरकत देखिए जो अपनी माँ को झाड़ू से मार रहा है और कह रहा है कि उसके बारे में किसी से बात न किया करे ,देखिए 

क्या है ये पैरेंटल एब्यूज़?

मां बाप बच्चों को डांटते समझाते सिर्फ इसीलिए है कि वो सही राह पर चले उन्हें सही गलत का मतलब सिखाते हैं ,पर जब बच्चे ही नालायक हो तो उन्हें क्या फर्क पड़ता है ये प्रतारणा कई तरीकों से देखा जा सकता है ।
             Financial abuse(वित्तीय प्रताड़णा) के रूप में मा बाप को घर से निकालना हो या बुुढ़ापे में पैसों के लिये गुलामो जेेसे treat व्यवहार करना।

Saturday, December 8, 2018

राम मंदिर ,Ram mandir

राममंदिर मुद्दे पर मेरी नज़र

वैसे तो हमारे भारत जैसे धर्मनिरपेक्ष(secular) देश मे राममंदिर कोई मुद्दा नही होना चाहिए तो फिर क्यों ये इतना विवादास्पद मुद्दा बन गया।
Raammandir

कारण:

राजनीति के गलियारों से एक बात सामने आई कि बाबरी मस्जिद राम लला का जन्मस्थान है, वैसे तो ये ख्याल पहले किसी आम भारतीय के मन मे नही आया, चुनाव का एक मुद्दा मिलने वाला था पार्टियों को तो इसे इतना उछाला गया जब तक ये विवाद न पैदा हुआ और आज तक इस जलते चूल्हे पर पार्टी अपना खाना बना रही है।

Election chhattisagadh 2018

My answer on quota :

Election 2018 ,चुनाव 2018

विधानसभा चुनाव 2018-19

चुनाव सभी राज्यो में लगभग हो गए हैं या होंगे पर एक्सिट पोल आ चुके है सभी के , जिन्हें देखकर ये पता चल रहा है कि जो पहले से rulling सत्ताधारी पार्टी है उसे खतरा है, जिसे में लोकतंत्र की सुंदरता के रूप में देखता हूं क्योंकि जनता (options ) विकल्प तलाश रही। 
Election chhattisgarh rajasthan mp telangana and mizoram
Pic: TOI

मध्यप्रदेश

यहां जनता में आरक्षण और किसान के मुद्दे को लेकर आक्रोश चल रहा था और भाजपा पर काफी दबाव था और ये कांग्रेस के लिए फायदेमंद साबित हुआ जिस कारण वो या तो आगे या तो बराबरी करती नज़र आ रही है ,शायद यहां भाजपा की कुर्सी जा सकती है।

छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ का भी हाल (confusion) स्पष्ट नही है, जोगी जी के नई पार्टी बनाने के वजह से ट्रायंगल हो चुका है यहां मुकाबले का और मिलीजुली कांग्रेस सरकार यहाँ दिख सकती है।

राजस्थान

इस राज्य में कांग्रेस जीतती हुई दिख रही है, जनता को विकास की जो उम्मीद थी वो वसुंधरा सरकार पूरा नही कर पाई ।

तेलंगाना और मिजोरम 

इन दो राज्यों में TRS और MNF की सरकार बनने की उम्मीद है।
                                कांग्रेस का चेहरा साफ नजर नही आया चुनावों में चाहे राजस्थान MP या CG , और जितने के बाद मुख्यमंत्री के लिए पार्टी में लड़ाई देखी जाने की उम्मीद है, वहीं भाजपा के चेहरे वही रहेंगे जो पहले से है, देखते है क्या होता है कुछ ही दजनो में।